Monday, September 26, 2016

बेमतलब सा!

बेमतलब सा!
जाने क्यों मै तड़प रहा हूं,
इधर उधर क्यों भटक रहा हूं
बेमतलब सा !
आवेदन की अंतिम तारीख
लगी कतारें लंबी लंबी
मै भी उनमे जूझ रहा हूं
बेमतलब् सा!
ना कंही पंहुचा,
ना कंही जाना 
फ़िर भी मीलों दौड़ रहा हूं
बेमतलन सा !
भूख लगी तो दाल पकाइ
भात पकाया
आलू संग संग खुद को भी मै;
छील रहा हूं
बेमतलब सा !
बात चली जब युद्ध शांति की
नेता बोले चैनल बोले
मै भी संग संग भौक रहा हूं
बेमतलब सा !
जिबह हो रही गायें बकरी
रोती अम्मा रोते अब्बू
मै भी उन संग कलप रहा हूं
बेमतलब सा !
ईद हुई और मनी दीवाली
हुई अज़ाने घंटी डाली
मै भी संग संग फुदक रहा हूं
बेमतलब सा !
आसमान में उड़ी पतंगे,
मनझा काटे संझा जोडे
मै भी संग संग दौड़ रहा हूं
बेमतलब सा!
न कुछ कहना, न कुछ सुनना
न कुछ गुनना, न कुछ धुनना
फ़िर भी स्याही पोत रहा हूं
बेमतलब सा !
जाने क्यों अब लगता ऐसा
सांसे अपनी जान पराइ
फ़िर भी जीवन सींच रहा हूं
बेमतलब सा!! 

Saturday, September 24, 2016

नंगी औरतें

नंगी औरतें
१,
कितनी बेशर्म हैं ये
कोई शऊर नहीं
ब्लाउज तक नही पहनती
तालाब पर सबके सामने नहा लेती हैं
पिंडलियों तक खुली धोती पहनने वाली ये औरतें
छि.....  जंगली कंही की
देश के आदिवासी इलाकों में मत जाना
इतनी शर्म आती है कि
 नजरें ऊपर नही उठतीं।


तुमने प्रियंका चोपडा की तस्वीर देखी
इंसटाग्राम पर!
बैकलेस रेड कलर का गाउन पहने,
रेड कारपेट पर जलवा बिखेरती हुइ,
कितनी खूबसूरत लग रही थी उसकी पीठ
सबकी नजरे उसी पर टिकी थी.
सच मे
देश का गौरव हैं
प्रियंका।